दूरदर्शन और दूसरे न्यूज़ चैनल
आजकल तो जैसे न्यूज़ चैनल की भरमार सी हो गई है और हर चैनल तक़रीबन एक से ही समाचार दिखाते है और इतना ज़ोर ज़ोर से बोल कर ख़बर बताते है और अगर कहीं भी कोई डिसकशन हो रहा होता है वहाँ तो लगता है कि जो एंकर के साथ साथ पैनल पर आये हुए बाक़ी के लोग भी सिर्फ़ शोर सा मचाने आये है। हर कोई इतना चिल्लाता हुआ बोलता है कि कुछ समझ ही नहीं आता है । और सबसे मज़ेदार बात कि जब कोई सही बात बोल रहा होता है तो न्यूज़ एंकर फ़ौरन ब्रेक ले लेते है। और एक ही न्यूज़ बार बार दिखाते रहते है। कई बार तो मन दुखी हो जाता है। इन न्यूज़ चैनल से उकताकर आजकल हमने एक बार फिर दूरदर्शन पर समाचार देखना शुरू किया है। जहां सारे चैनल ज़ोर ज़ोर से बोल रहे होते है और कुछ हाहाकार सा मचा होता है वही दूरदर्शन पर बिलकुल शान्त भाव से उद्घोषिका समाचार पढ़ रही होती है। जिसे देखकर लगा कि आज भी दूरदर्शन मे उदघोषक शान्त और संयमित ढंग से समाचार पढ़ते है। फिर वो चाहे नीलिमा शर्मा हो या ममता चोपड़ा हो या चाहे सकल भट्ट हो। अभी ज़्यादा नाम नहीं याद है क्योंकि अभी हाल ही मे देखना शुरू किया है ना । 😊 इन उदघषिकाओ को देख और सुनकर दूरदर्शन के प...