हम वापिस आ गए :)

आज बड़े दिनों बाद जब मेल बॉक्स देखा तो अल्पना जी का मैसेज पढ़ा तो सोचा की आज एक छुटकी सी पोस्ट लिख ही दी जाए । अल्पना जी हमारे गायब होने पर हमारी खोज ख़बर लेने का शुक्रिया । दरअसल कुछ परेशानी के चलते अप्रैल से जून तक हम दिल्ली और इलाहाबाद मे थे और उस बीच मे नेट करने का बिल्कुल भी समय नही मिला था । पर अब हम वापिस गोवा आ गए है और अब २-४ दिन मे पूरी तरह से ब्लॉग पढने और लिखने का काम शुरू कर देंगे । :)

Comments

Nirmla Kapila said…
महक जी आपके आने से हमारा भी दिल महक गया बधाई
Nirmla Kapila said…
सम्झी कि नहीं कौन सी महक? अरे ममता की महक न अब समझी ? हा हा हा
अभी २ दिन पहले ऑफिस आ रहा था तो आपका ख्याल आया... अचानक ही ध्यान आया की आप के ब्लॉग पर बहुत दिनों से कोई पोस्ट नहीं आई... सच्ची बोल रहा हूँ. कुछ १५-२० तो ब्लॉग हैं जिनकी हर पोस्ट पढता हूँ. और देखिये आज आप वापस आ गयी !
आप गोआ में नहीं हैं, यह खबर थी। अब आप पहुँच गई हैं तो पोस्टों की प्रतीक्षा रहेगी।
स्वागत है जी आप का
Mamata ji,

shukriya apni khair khabar di aap ne..
umeed hai aap ki sabhi pareshaniyan Solve ho gayi hongi.

Aaap ko wapas dekh kar bahut achcha laga.

Abhaar
थोडा और विश करो...शाहरुख ने कहा..और मैंने विश किया..हे प्रभु ब्लॉग जगत का एक मात्र टी वी चैनेल ..भी आजकल हड़ताल पर है..ऊपर से आवाज आयी..तथास्तु ..बच्चा ..तुझ पर ममता है ..जा इसलिए कल से तुम्हारा अपना टी वी चैनल ममता टी वी खुल रहा है...निर्मात्री की हड़ताल वापस...हा..हा..हा..स्वागत है जी...वापसी का..
Rachna Singh said…
dilli mae kiya hua vaydaa yaad haen naa
sabsey pehl akament maerae blog par karnaa haen !!!!!!!!!!!
आपका फोन आया था। बात भी हुई थी। पर आप कब दिल्‍ली आईं, फिर आपका कोई फोन भी नहीं आया और हम इंतजार ही करते रह गये। आपसे मिलने की हसरत लिये। आपका फोन कवरेज क्षेत्र से बाहर ही रहा। मेरा तो कवरेज क्षेत्र में था पर आपका फोन नहीं आया। रचना जी से भी पूछा था तो उन्‍होंने बतलाया था कि आप शुक्रवार को ही दिल्‍ली पहुंच गई हैं परन्‍तु उसके बाद अब यह पोस्‍ट मिली है। आपको एक मेल भी भेजी थी मिली होगी। खैर ...

अब यहां पर तो मिल ही रही हैं। सक्रिय हैं। मन से इससे भी प्रसन्‍न है।
रंजन said…
इन्तजार रहेगा आपके लेखों का..
प्रतिक्षा रहेगी....नयी पोस्ट की।
आपका यों गायब हो जाना एक रिक्तता बन गयी थी. चलिए अब आप वापस आ गयीं हैं और मन प्रसन्न हो गया अब फिर आपकी सुन्दर प्रविष्टियों को बांच पाएंगे.
Manish Kumar said…
welcome back Mamta ji !
आप का स्वागत ,वैसे हम लोग सोच रहे थे कि आप कहाँ हैं .
हमें प्रतीक्षा रहेगी आपकी पोस्ट्स व टिप्पणियों की

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